content-cover-image

Breakin' - गुलामी की परंपरा से मुक्ति, बजट अब बही-खाता

मुख्य खबरें

00:00

ट्रेंडिंग रेडियो

Breakin' - गुलामी की परंपरा से मुक्ति, बजट अब बही-खाता

ऐतिहासिक बहुमत से जीत दर्ज करने के बाद मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का आज पहला आम बजट आ रहा है. संसद में बजट पेश होने से पहले ही इस बार की खासियत सामने आ गई है. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण देश को अगले साल के लिए क्या देने वाली हैं, उसके दस्तावेज उन्होंने परंपरागत तौर पर इस्तेमाल किए जाने वाले ब्रीफकेस में नहीं रखे, बल्कि इस बार बजट की पटकथा को मखमली लाल कपड़े से कवर किया गया है. इस तरह मोदी सरकार ने बजट से जुड़ी अंग्रेजों की पुरानी परंपरा को भी खत्म कर दिया है. बैग में बजट की परंपरा 1733 में तब शुरू हुई थी जब ब्रिटिश सरकार के प्रधानमंत्री और वित्तमंत्री रॉबर्ट वॉलपोल बजट पेश करने आए थे और उनके हाथ में एक चमड़े का थैला था. इस थैले में ही बजट से जुड़े दस्तावेज थे. चमड़े के इस थैले को फ्रेंच भाषा में बुजेट कहा जाता था, उसी के आधार पर बाद में इस प्रक्रिया को बजट कहा जाने लगा. लाल सूटकेस का इस्तेमाल पहली बार 1860 में ब्रिटिश बजट चीफ विलिमय ग्लैडस्टोन ने किया था. इसे बाद में ग्लैडस्टोन बॉक्स भी कहा गया और लगातार इसी बैग में ब्रिटेन का बजट पेश होता रहा. लंबे समय बाद इस बैग की स्थिति खराब होने के बाद 2010 में इसे आधिकारिक तौर पर रिटायर किया गया.

Show more
content-cover-image
Breakin' - गुलामी की परंपरा से मुक्ति, बजट अब बही-खातामुख्य खबरें